@VisitDubai_IN @MirzaSania @WTA गरीबदास जी बचपन से ही अन्य ग्वालों के साथ गौ चराने जाते थे।गरीबदास जी जांडी के पेड़ के नीचे प्रातः 10 बजे 1727 में अन्य ग्वालों के साथ जब भोजन कर रहे थे तभी वहाँ से कुछ दूरी पर सत्यपुरुष कबीर साहेब जिंदा महात्मा के रूप में सतलोक से अवतरित हुए और गरीबदाज जी महाराज से मिले। https://t.co/H48uT7uuYb
@VisitDubai_IN @MirzaSania @WTA गरीबदास जी बचपन से ही अन्य ग्वालों के साथ गौ चराने जाते थे।गरीबदास जी जांडी के पेड़ के नीचे प्रातः 10 बजे 1727 में अन्य ग्वालों के साथ जब भोजन कर रहे थे तभी वहाँ से कुछ दूरी पर सत्यपुरुष कबीर साहेब जिंदा महात्मा के रूप में सतलोक से अवतरित हुए और गरीबदाज जी महाराज से मिले। https://t.co/H48uT7uuYb
